उत्तर प्रदेश के गौतम बुद्ध नगर जनपद में स्थित ओखला पक्षी अभयारण्य की स्थापना वर्ष 1990 में की गई। अभयारण्य के दक्षिण में स्थित कालिंदी कुंज अपने शांत एवं प्राकृतिक परिवेश के कारण एक आकर्षक स्थल है। लगभग 4 वर्ग किमी क्षेत्र में विस्तृत यह अभयारण्य वर्ष 1984 में यमुना नदी पर ओखला बैराज के निर्माण के उपरांत विकसित हुआ। पक्षी अवलोकन के लिए लोकप्रिय होने के बाद, बैराज एवं आसपास के दलदली क्षेत्र को संरक्षित करते हुए वर्ष 1990 में अभयारण्य घोषित किया गया।
अभयारण्य के भीतर लगभग एक किलोमीटर तक मोटर-योग्य मार्ग उपलब्ध है, जिसके बाद यह एक संकीर्ण पगडंडी में परिवर्तित हो जाता है। यमुना नदी पर निर्मित बांध से बनी विशाल झील इस अभयारण्य का प्रमुख केंद्र है, जहाँ अनेक प्रकार के पक्षी निवास करते हैं। खुले क्षेत्रों में रणनीतिक रूप से स्थापित वॉच टावर न केवल पक्षियों के अवलोकन में सहायक हैं, बल्कि अभयारण्य के सुंदर दृश्य भी प्रस्तुत करते हैं। शीत ऋतु में स्थानीय एवं प्रवासी पक्षियों का जलाशयों एवं तालाबों के आसपास एकत्र होना दर्शकों के लिए अत्यंत आकर्षक अनुभव प्रदान करता है।